Sunday, November 29, 2015

{ ३१४ } पहचानों वक्त को





देखो.........!! समझो........!!!
जानो .......!! और मानो.......!!!

वक्त से बड़ा
कर्मों का हिसाबी
कोई नहीं है........... !!!

अगले क्षण से वंचित कर
वह सजा ही देता है
हर उस व्यक्ति को
जो खुद के
इस क्षण को
यूँ ही बर्बाद कर देते हैं........... !!!


............................................... गोपाल कृष्ण शुक्ल

2 comments:

  1. ब्लॉग बुलेटिन की आज की बुलेटिन, अपेक्षाओं का कोई अन्त नहीं - ब्लॉग बुलेटिन , मे आपकी पोस्ट को भी शामिल किया गया है ... सादर आभार !

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  2. समय की किमत जो करता है, समय भी उसी की किमत करता है। सुंदर प्रस्तुति...

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